फावड़ा लेकर सड़क के गड्ढे भरने उतरा ट्रैफिक पुलिसकर्मी, कांवड़ यात्रियों को मिली राहत

एक तरफ ड्यूटी के साथ सड़क सुधारता पुलिसकर्मी, दूसरी तरफ चाय की चुस्कियों में नजर आए होमगार्ड
हाथरस। कांवड़ यात्रा के बीच इगलास अड्डा फाटक चौराहे पर एक तस्वीर ने पुलिस की कार्यशैली के दो अलग-अलग पहलुओं को सामने ला दिया।
चौराहे पर ड्यूटी में तैनात ट्रैफिक पुलिसकर्मी मनोज कुमार यादव ने शनिवार को अपनी ड्यूटी से आगे बढ़कर मानवीय पहल की। सड़क पर बने गड्ढों को देखकर उन्होंने खुद फावड़ा उठाया और मिट्टी डालकर गड्ढों को भरने में जुट गए।
कांवड़ यात्रा के दौरान इसी मार्ग से बड़ी संख्या में श्रद्धालुओं और राहगीरों का आवागमन हो रहा है। ऐसे में सड़क के गड्ढे हादसे का कारण न बनें और कांवड़ यात्रियों को परेशानी न हो, इसके लिए ट्रैफिक पुलिसकर्मी ने खुद मोर्चा संभाल लिया।
जिस काम की जिम्मेदारी संबंधित विभाग की व्यवस्था और मशीनरी की होनी चाहिए, उसे एक पुलिसकर्मी ने अपने हाथों से करने की कोशिश की। मौके पर मौजूद लोगों ने मनोज कुमार यादव की इस पहल की सराहना की।
लेकिन इसी दौरान चौराहे की एक दूसरी तस्वीर भी सामने आई।
जहां एक तरफ ट्रैफिक पुलिसकर्मी सड़क के गड्ढे भरकर लोगों की राह आसान करने में जुटा था, वहीं दूसरी ओर ड्यूटी पर तैनात दो होमगार्ड पुलिसकर्मी चाय पीते हुए नजर आए। उनकी तस्वीर भी मौके पर लोगों के बीच चर्चा का विषय बनी रही।
अब सवाल यह है कि जब कांवड़ यात्रा के दौरान पुलिस प्रशासन श्रद्धालुओं की सुरक्षा और सुविधा को लेकर विशेष सतर्कता का दावा कर रहा है, तो क्या ड्यूटी पर तैनात हर कर्मचारी की जिम्मेदारी नहीं बनती कि वह अपनी ड्यूटी को पूरी गंभीरता से निभाए?
एक तस्वीर में पुलिसकर्मी का जज्बा और जिम्मेदारी दिखाई दी, तो दूसरी तस्वीर ने ड्यूटी को लेकर सवाल खड़े कर दिए।
फिलहाल, मनोज कुमार यादव की इस पहल ने यह जरूर संदेश दिया कि वर्दी सिर्फ ड्यूटी निभाने के लिए नहीं, बल्कि जरूरत पड़ने पर लोगों की मदद के लिए भी है।

